🪔दीपोत्सव🪔
रोज बोल मीठे बोल,
हर शब्द तोल मोल।
प्रेम भाव तो जगाइए,
स्नेह भाव साजकर।
हर हिय में राज कर,
रोज दीपोत्सव मनाइए।
आकाश सा ऊंचा मन,
चंद्रमा सा शीतल जीवन।
संतप्त कर हिय को,
औरों को शीतल बनाइए।
जीवन हो समरस,
पीड़ित ना हो कोई बस।
इतनी सी बात को ,
हमेशा ध्यान में बसाइए।
श्रीराम को याद कर,
तिमिर का नाश कर।
त्यागमय जीवन कर,
पथानुगामी बन जाइए।
रोज बोल मीठे बोल,
हर शब्द तोल मोल।
प्रेम भाव तो जगाइए,
स्नेह भाव साजकर।
हर हिय में राज कर,
रोज दीपोत्सव मनाइए।
✍️सनुक लाल यादव
बालाघाट मध्य प्रदेश🪔
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